एएमयू के शिक्षा विभाग, इको क्लब और मौलाना आजाद पुस्तकालय ने विशेष स्वच्छता अभियान 6.0 के तहत गतिविधियां आयोजित कीं

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में 28 अक्टूबर को विशेष स्वच्छता अभियान 6.0 के तहत स्वच्छता, कचरा प्रबंधन, पौधारोपण और पर्यावरण जागरूकता से जुड़ी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। अभियान में शिक्षा विभाग, सांस्कृतिक शिक्षा केंद्र के इको क्लब और मौलाना आजाद पुस्तकालय ने भाग लिया। इसका उद्देश्य परिसर की स्वच्छता, संसाधनों के जिम्मेदार उपयोग और सफाई कर्मचारियों के योगदान को सम्मानित करना था।
शिक्षा विभाग की अध्यक्ष प्रो. निगहत नसरीन के नेतृत्व में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। विभागीय कार्यालय, पुस्तकालय और पार्किंग क्षेत्र में सफाई अभियान चलाया गया। इस दौरान अनावश्यक सामान हटाने और स्थानों को व्यवस्थित एवं सुगम बनाए रखने पर जोर दिया गया। एकीकृत शिक्षक शिक्षा कार्यक्रम (आईटीईपी) के प्रथम सेमेस्टर के विद्यार्थियों ने ‘कचरे से उपयोगी वस्तुएं’ गतिविधि में बेकार सामग्री से सजावटी और उपयोगी वस्तुएं तैयार कीं। पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के लिए पौधारोपण भी किया गया।
प्रो. निगहत नसरीन ने विभाग के सफाई मित्रों दीपक और सोनू को स्वच्छता बनाए रखने में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया। कार्यक्रम के आयोजन में डॉ. रजिया बी., डॉ. अदनान हमीद तथा शिक्षा सोसायटी की सदस्य तानिया हसन और राखी शर्मा ने सहयोग किया।
सांस्कृतिक शिक्षा केंद्र के इको क्लब ने “प्लास्टिक की बोतलों को ना कहें” शीर्षक से हस्ताक्षर अभियान, पौधारोपण और सफाई मित्रों के सम्मान समारोह का आयोजन किया। अभियान के बैनर पर 500 से अधिक विद्यार्थियों और शिक्षकों ने हस्ताक्षर कर प्लास्टिक की बोतलों का उपयोग कम करने तथा पर्यावरण के अनुकूल विकल्प अपनाने के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया।
इको क्लब ने हस्ताक्षरयुक्त बैनर के साथ कुलपति प्रो. नइमा खातून को ज्ञापन सौंपकर विश्वविद्यालय के कार्यक्रमों और समारोहों में प्लास्टिक की बोतलों के उपयोग को हतोत्साहित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने का अनुरोध किया। कुलपति ने इस पहल की सराहना करते हुए उचित कदम उठाने का आश्वासन दिया। उन्होंने तत्काल प्रभाव से अपने कार्यालय में प्लास्टिक की बोतलों का उपयोग बंद करने की भी घोषणा की।
सांस्कृतिक शिक्षा केंद्र परिसर में पौधारोपण किया गया और लगाए गए पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी इको क्लब के सदस्यों को सौंपी गई। केंद्र के सफाई मित्रों मुनीश और महेश को भी स्वच्छता बनाए रखने में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
ये गतिविधियां केंद्र के समन्वयक प्रो. मोहम्मद रिजवान खान और इको क्लब के अध्यक्ष प्रो. उरूस इलियास के मार्गदर्शन में आयोजित की गईं। डॉ. शरद कुमार और डॉ. एम. अयाज ने मार्गदर्शक की भूमिका निभाई, जबकि इको क्लब के सचिव अब्दुर रहमान ने कार्यक्रम का समन्वय किया।
मौलाना आजाद पुस्तकालय में भी स्वच्छता को बढ़ावा देने और सफाई मित्रों के योगदान को सम्मानित करने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यवाहक पुस्तकालयाध्यक्ष प्रो. निशात फातिमा ने मुख्य अतिथि एवं विश्वविद्यालय के स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अली जाफर आब्दी का स्वागत किया। उन्होंने पुस्तकालय की दैनिक गतिविधियों को सुचारु बनाए रखने और पाठकों तथा कर्मचारियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने में सफाई कर्मचारियों की भूमिका पर प्रकाश डाला।
डॉ. अली जाफर आब्दी और प्रो. निशात फातिमा ने पुस्तकालय के सफाई मित्रों को उनकी समर्पित सेवाओं के लिए माला पहनाकर और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। डॉ. आब्दी ने कहा कि शैक्षणिक गतिविधियों और बौद्धिक विकास के अनुकूल वातावरण बनाए रखने में सफाई कर्मचारियों का योगदान महत्वपूर्ण है।
पुस्तकालय में जमा कबाड़ और अनुपयोगी सामग्री को हटाने के लिए अभियान चलाया गया। इसके साथ ही पूरे परिसर में साफ-सफाई की गई। उप पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ. आसिफ फरीद सिद्दीकी ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।



