एएमयू की जमीन और छात्र संघ चुनाव पर पूर्व AMUSU पदाधिकारी एकजुट, जल्द होगी बड़ी बैठक

अलीगढ़, 6 सितंबर 2026 (मोहम्मद कामरान)

अलीगढ़। अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स यूनियन (AMUSU) के पूर्व पदाधिकारियों की एक अहम बैठक रविवार को अलीगढ़ स्थित ओल्ड बॉयज लॉज में आयोजित हुई। बैठक में एएमयू और उसके छात्र समुदाय से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। खास तौर पर यूनिवर्सिटी की जमीन पर कब्जे, AMUSU के चुनाव पिछले करीब आठ वर्षों से नहीं होने, कैंपस में लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व और यूनिवर्सिटी की स्वायत्तता जैसे मुद्दे प्रमुख रहे।

बैठक में पूर्व पदाधिकारियों ने कहा कि AMUSU केवल चुनाव कराने की व्यवस्था का नाम नहीं है, बल्कि यह एएमयू की लोकतांत्रिक परंपरा, छात्र नेतृत्व, संवाद और छात्रों की आवाज को मजबूती देने की एक महत्वपूर्ण संस्था रही है। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी में लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व और संवाद की संस्कृति को बनाए रखना जरूरी है।

पूर्व पदाधिकारियों ने एएमयू की जमीन से जुड़े विवाद पर भी गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी की जमीन, संस्थागत स्वायत्तता और उसके कानूनी अधिकारों की रक्षा के लिए सभी संबंधित लोगों को कानून और लोकतांत्रिक तरीके से एकजुट होकर प्रयास करना चाहिए।

बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि मौजूदा परिस्थितियों में पूर्व छात्र संघ पदाधिकारियों को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। पदाधिकारियों ने कहा कि एएमयू इस समय जिन चुनौतियों और संकटों का सामना कर रही है, उससे निपटने के लिए पूर्व छात्र नेताओं, छात्रों और शिक्षकों को एक मंच पर आकर सकारात्मक और रचनात्मक तरीके से काम करने की जरूरत है।

बैठक में निर्णय लिया गया कि जल्द ही AMUSU के सभी पूर्व पदाधिकारियों की एक बड़ी बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें छात्रों और शिक्षकों को भी शामिल किया जाएगा। इस बैठक में यूनिवर्सिटी से जुड़े मुद्दों पर सामूहिक रूप से चर्चा कर आगे की रणनीति तय की जाएगी।

बैठक में शामिल पूर्व पदाधिकारियों ने एकजुटता का आह्वान करते हुए कहा कि एएमयू की विरासत को सुरक्षित रखना केवल अतीत को याद करना नहीं, बल्कि वर्तमान में यूनिवर्सिटी के हितों की रक्षा करते हुए उसके भविष्य को बेहतर दिशा देना भी है।

बैठक में शामिल पूर्व AMUSU पदाधिकारी:
मोहम्मद फुरकान (उपाध्यक्ष, 1979), खालिद मसूद (अध्यक्ष, 1994), अय्यूब शबाब (सचिव, 1990), हैदर अली खान असद (उपाध्यक्ष, 1991), सैयद माजिन हुसैन जैदी (उपाध्यक्ष, 2006-07), हम्माद नबी (सचिव, 2011-12), शहजाद आलम बरनी (अध्यक्ष, 2012-13), तौसीफ आलम (उपाध्यक्ष, 2012-13), शाहजेब ‘आशू’ (सचिव, 2014-15), नदीम अंसारी (उपाध्यक्ष, 2016-17) और डॉ. एम. सलमान इम्तियाज (आउटगोइंग अध्यक्ष, 2018-19) मौजूद रहे।

अतीत की विरासत की रक्षा, वर्तमान का बचाव और भविष्य का निर्माण’ के संदेश के साथ पूर्व पदाधिकारियों ने एएमयू और उसके छात्र समुदाय के हित में एकजुट होकर लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से आगे बढ़ने पर जोर दिया।

मोहम्मद कामरान

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