एएमयू में 11 से 13 सितंबर तक एनेस्थीसियोलॉजी का अंतर्राष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय सम्मेलन
देश-विदेश के विशेषज्ञ करेंगे स्मार्ट एनेस्थीसिया और आधुनिक चिकित्सा तकनीकों पर मंथन
अलीगढ़, 8 सितंबर। मोहमद कामरान
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग की ओर से 11 से 13 सितंबर 2026 तक भारतीय एनेस्थीसियोलॉजिस्ट कॉलेज का 7वां अंतर्राष्ट्रीय एवं 17वां राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन का विषय “स्मार्ट एनेस्थीसिया की ओर: तकनीक, बुद्धिमत्ता और सटीकता का समन्वय” रखा गया है।
सम्मेलन में देश-विदेश के प्रमुख चिकित्सा विशेषज्ञ, शोधकर्ता और शिक्षाविद् हिस्सा लेंगे। तीन दिवसीय सम्मेलन के दौरान कृत्रिम बुद्धिमत्ता, डिजिटल जैव संकेतक, गंभीर रोगी देखभाल, दुर्घटना एवं चोट प्रबंधन तथा सटीक दर्द चिकित्सा सहित एनेस्थीसियोलॉजी के क्षेत्र में हो रहे नवीनतम विकास पर विशेषज्ञ विचार-विमर्श करेंगे।
वैज्ञानिक कार्यक्रम में अमेरिकन सोसायटी ऑफ एनेस्थीसियोलॉजिस्ट के अध्यक्ष डॉ. पैट्रिक जियाम, सोसायटी फॉर एम्बुलेटरी एनेस्थीसिया के अध्यक्ष डॉ. फ्रेड शापिरो तथा भारतीय एनेस्थीसियोलॉजिस्ट कॉलेज के अंतर्राष्ट्रीय अधिष्ठाता डॉ. कुमार जी. बेलानी के वीडियो संबोधन भी शामिल होंगे।
सम्मेलन में डॉ. मनोरमा मित्तल स्मृति व्याख्यान डॉ. अशोक कुमार सक्सेना तथा डॉ. वी.पी. कुमरा स्मृति व्याख्यान डॉ. मुकुल चंद्र कपूर द्वारा दिए जाएंगे। विभिन्न वैज्ञानिक सत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के उपयोग, सेप्सिस के व्यावहारिक उपचार और बच्चों के मस्तिष्कीय विकास पर इसके प्रभाव सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा होगी।
स्नातकोत्तर विद्यार्थियों के लिए विशेष सत्र, प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, ई-पोस्टर और शोधपत्र प्रस्तुतियां भी सम्मेलन का हिस्सा होंगी। सम्मेलन की तकनीकी विषयवस्तु को ध्यान में रखते हुए आयोजकों ने “आईसीएकॉन-26 कंपेनियन” नाम से एक विशेष मोबाइल एप्लीकेशन भी तैयार किया है। इसके माध्यम से प्रतिभागियों को सम्मेलन से संबंधित जानकारी और कार्यक्रम स्थल की सुविधाओं की जानकारी आसानी से उपलब्ध होगी।
सम्मेलन की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक में आयोजन सचिव प्रो. उबैद ए. सिद्दीकी, आयोजन अध्यक्ष प्रो. हम्माद उस्मानी, वैज्ञानिक सलाहकार प्रो. काजी एहसान अली सहित डॉ. सैयद हुसैन आमिर, डॉ. फरहा नसरीन, डॉ. शाहाना अली, डॉ. नाजिया तौहीद और डॉ. अबू नदीम आदि उपस्थित रहे। अधिकारियों एवं चिकित्सकों ने सम्मेलन की तैयारियों, वैज्ञानिक कार्यक्रमों और प्रतिभागियों के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की।




