प्रो. कमर-उल-हुदा फरीदी को साहित्यिक सेवाओं के लिए अवध रतन पुरस्कार

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के उर्दू विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. कमर-उल-हुदा फरीदी को उनकी साहित्यिक सेवाओं के लिए अवध रतन पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह सम्मान लखनऊ के अखिल भारतीय कैफी आजमी अकादमी के सेमिनार सभागार में संगम फाउंडेशन की ओर से आयोजित एक समारोह में प्रदान किया गया।
पुरस्कार प्राप्त करने वाले व्यक्तियों का परिचय देते हुए प्रो. सैयद शफीक अशरफी ने कहा कि विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों के नामों का सावधानीपूर्वक विचार के बाद चयन किया जाता है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष निर्णायक मंडल द्वारा चुने गए सभी व्यक्ति अपने-अपने क्षेत्रों में प्रतिष्ठित हैं।
सम्मान-पत्र प्रस्तुत करते हुए प्रो. सौबान सईद ने प्रो. फरीदी के उर्दू विभाग, एएमयू से लंबे जुड़ाव को रेखांकित किया। उन्होंने बताया कि प्रो. फरीदी वर्ष 1993 से विभाग में अध्यापन कार्य कर रहे हैं। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय की शैक्षणिक, साहित्यिक और शोध गतिविधियों में महत्वपूर्ण योगदान दिया तथा विभिन्न प्रशासनिक कार्यों में भी भाग लिया। उन्होंने कई कार्यक्रमों के समन्वयक और संयोजक के रूप में भी कार्य किया है। प्रो. फरीदी ने 17 पुस्तकों की रचना की है और विभिन्न पत्रिकाओं में अनेक शोधपरक, साहित्यिक एवं अकादमिक आलेख प्रकाशित किए हैं।
उर्दू विभाग के शिक्षकों ने प्रो. फरीदी को अवध रतन पुरस्कार प्राप्त होने पर बधाई दी। विभागाध्यक्ष प्रो. सैयद सिराजुद्दीन अजमली ने एक स्मृति-कविता के माध्यम से अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए प्रो. फरीदी के सम्मान तथा उनके अकादमिक और साहित्यिक योगदान की सराहना की।



