एएमयू उर्दू अकादमी में उर्दू शिक्षकों के लिए आधुनिक शिक्षण पद्धति पर पुनश्चर्या पाठ्यक्रम शुरू

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के उर्दू शिक्षकों के व्यावसायिक विकास केंद्र (उर्दू अकादमी) में विश्वविद्यालय के विद्यालयों के उर्दू शिक्षकों के लिए ‘आधुनिक शिक्षण पद्धति’ विषय पर एक सप्ताह का पुनश्चर्या पाठ्यक्रम शुरूहुआ। इस कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों को आधुनिक शिक्षण विधियों तथा उर्दू भाषा और साहित्य के अध्यापन की नई तकनीकों से परिचित कराना है।
कार्यक्रम का उद्घाटन विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रोफेसर मोहम्मद गुलरेज ने मुख्य अतिथि के रूप में किया, जबकि स्कूल शिक्षा निदेशालय की निदेशक प्रोफेसर कुदसिया तहसीन विशिष्ट अतिथि रहीं। कार्यक्रम की अध्यक्षता केंद्र के निदेशक प्रोफेसर जुबैर शादाब खान ने की।
अपने संबोधन में प्रोफेसर मोहम्मद गुलरेज ने कहा कि पुनश्चर्या पाठ्यक्रम शिक्षकों को नई सोच और नई ऊर्जा प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि बदलते शैक्षिक परिवेश में उर्दू भाषा और साहित्य के प्रभावी अध्यापन के लिए आधुनिक शिक्षण पद्धतियों का प्रशिक्षण समय की आवश्यकता है।
प्रोफेसर कुदसिया तहसीन ने विश्वास व्यक्त किया कि यह कार्यक्रम विश्वविद्यालय के विद्यालयों के उर्दू शिक्षकों के शिक्षण कौशल को और बेहतर बनाएगा तथा कक्षा शिक्षण को अधिक प्रभावी और रुचिकर बनाएगा।
प्रोफेसर जुबैर शादाब खान ने बताया कि केंद्र भविष्य में उर्दू शिक्षकों के लिए प्रत्यक्ष और ऑनलाइन दोनों माध्यमों से प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करेगा, ताकि नवीन शिक्षण पद्धतियों और पाठ्यक्रम विकास को बढ़ावा दिया जा सके।
इस पाठ्यक्रम में विश्वविद्यालय के दस विद्यालयों के 20 उर्दू शिक्षक भाग ले रहे हैं। उद्घाटन सत्र का संचालन डॉ. मुश्ताक सदफ ने किया, जबकि डॉ. रफीउद्दीन ने धन्यवाद ज्ञापित किया।



