ऑपरेशन जागृति 4.0 के अंतर्गत एएमयू एनएसएस यूनिट द्वारा जनजागरूकता अभियान का आयोजन

TNN समाचार : अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय की नेशनल सर्विस स्कीम (एनएसएस) इकाई ने आज़ाद फाउंडेशन सोसाइटी के सहयोग से ‘ऑपरेशन जागृति 4.0‘ जनजागरूकता अभियान का आयोजन एनएसएस कार्यालय में किया गया। इस अभियान का उद्देश्य सामाजिक जिम्मेदारी, राष्ट्रीय चेतना और सामुदायिक कल्याण को बढ़ावा देना था, जिसमें एनएसएस के स्वयंसेवकों, छात्रों और आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रो. अली नवाज़ ज़ैदी (उप प्रॉक्टर, एएमयू) रहे। विशिष्ट अतिथियों में ममता कुरील (एसपी क्राइम, अलीगढ़), अभय कुमार पांडे (सर्किल ऑफिसर), नासिर खान (यूनिसेफ़ प्रतिनिधि), उपनिरीक्षक कुसुम लता और शिखा त्यागी तथा थाना सिविल लाइंस के प्रभारी अधिकारी मौजूद रहे।
इन सभी वक्ताओं ने साइबर सुरक्षा, महिलाओं के प्रति हिंसा, नशे की लत, पारिवारिक विघटन और कानूनों के दुरुपयोग जैसे गंभीर सामाजिक मुद्दों पर विचार रखे। उन्होंने निःशुल्क कानूनी सहायता, समय पर पुलिस कार्रवाई और युवाओं को साइबर अपराधों एवं नशे की लत से बचाने की आवश्यकता पर विशेष ज़ोर दिया। यह भी बताया गया कि भावनात्मक तनाव में आकर घर छोड़ने जैसे कदमों से युवाओं को बचाना अत्यंत आवश्यक है।
एनएसएस एएमयू के कार्यक्रम समन्वयक डॉ. मोहम्मद मोहसिन खान ने स्वागत भाषण में ‘ऑपरेशन जागृति‘ के उद्देश्य पर प्रकाश डाला और बताया कि यह अभियान ‘नेशन फर्स्ट‘ की भावना के अंतर्गत सामाजिक जागरूकता बढ़ाने का कार्य कर रहा है। कार्यक्रम अधिकारी अब्दुल जब्बार और मोहम्मद इमरान खान ने आयोजन को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई।
सीओ अभय कुमार पांडे ने एनएसएस एएमयू और आज़ाद फाउंडेशन सोसाइटी के प्रयासों की सराहना करते हुए युवाओं में नागरिक चेतना बढ़ाने की दिशा में इनके योगदान की प्रशंसा की। कार्यक्रम में संवादात्मक सत्र भी हुए, जिनमें प्रतिभागियों ने सामाजिक समस्याओं पर खुलकर चर्चा की और सामूहिक प्रयासों से समाधान तलाशने पर ज़ोर दिया।
एनएसएस के कार्यक्रम अधिकारियों प्रो. हरीफ, डॉ. मुहम्मद उजैर और राहिद अकबरी ने सेवा के माध्यम से छात्रों के सर्वांगीण विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
एनएसएस एएमयू राष्ट्र प्रथम, सड़क सुरक्षा अभियान, मतदाता जागरूकता रैलियां और स्वास्थ्य संबंधी कार्यक्रमों जैसे अनेक सामाजिक अभियानों का नेतृत्व करता रहा है। आज़ाद फाउंडेशन सोसाइटी के साथ सहयोग से ऑपरेशन जागृति 4.0 का प्रभाव और भी व्यापक हुआ।



