मरकज़ी रुयत-ए-हिलाल कमेटी अलीगढ़ ने किया ऐलान, 16 जुलाई को होगी पहली सफ़रुल मुज़फ़्फ़र

अलीगढ़, 15 जुलाई। मरकज़ी रुयत-ए-हिलाल कमेटी, अलीगढ़ की बैठक शाही जामा मस्जिद में इमाम एवं कमेटी के अध्यक्ष मुफ्ती महमूदुल हसन कासमी की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में इस्लामी माह सफ़रुल मुज़फ़्फ़र 1448 हिजरी के चांद की रुयत (दर्शन) के संबंध में विभिन्न स्थानों से प्राप्त सूचनाओं पर विचार-विमर्श किया गया।
बैठक के बाद जारी विज्ञप्ति में बताया गया कि 29 मुहर्रमुल हराम 1448 हिजरी, दिनांक 15 जुलाई 2026 को सफ़रुल मुज़फ़्फ़र का चांद दिखाई देने की विश्वसनीय सूचनाएं विभिन्न स्थानों से प्राप्त हुईं। इसके आधार पर मरकज़ी रुयत-ए-हिलाल कमेटी ने घोषणा की कि गुरुवार, 16 जुलाई 2026 को पहली सफ़रुल मुज़फ़्फ़र 1448 हिजरी होगी।
इस अवसर पर कमेटी के अध्यक्ष मुफ्ती महमूदुल हसन कासमी ने कहा कि इस्लामी महीनों की शुरुआत का ऐलान हमेशा शरीयत के सिद्धांतों एवं प्रमाणित गवाहियों के आधार पर किया जाता है। मरकज़ी रुयत-ए-हिलाल कमेटी पहली भी इसी परंपरा का पालन करते हुए अपने दायित्वों का निर्वहन कर रही है।
बैठक में डॉ. उबैद इकबाल आसिम, मोहम्मद मुस्लिम बारी, कारी मोहम्मद अकील, अब्दुल मजीब कासमी, अब्दुल मुतआली कासमी, हाजी दुलारे नबी, हाजी अब्दुल मालिक, इफ्तिखार आलम, मुफ्ती मोहम्मद राशिद, हाजी मोहम्मद सूफियान, मुकर्रम अली सिद्दीकी, हाफिज मोहम्मद सरवर, वसीमुद्दीन, रिजवान अहमद, शफी अहमद खान, मोहम्मद हमज़ा, मकसूद अहमद, कलीमुद्दीन तथा गयासुद्दीन सहित कमेटी के अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक के समापन पर देश एवं प्रदेश में अमन-चैन, आपसी भाईचारे, खुशहाली तथा समस्त मानवता के कल्याण के लिए विशेष दुआ की गई।



