अलीगढ़ में 37 करोड़ रुपये से बनेगा देश का पहला लॉक म्यूजियम
पहली किस्त के रूप में 10.23 करोड़ रुपये जारी, जवाहर भवन के सामने प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण

अलीगढ़, 1 अक्टूबर (मोहम्मद कामरान):
ताला और तालीम के शहर अलीगढ़ को नई पहचान मिलने जा रही है। उत्तर प्रदेश सरकार ने मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत अलीगढ़ नगर निगम में लॉक म्यूजियम एवं अर्बन कल्चरल सेंटर के निर्माण के लिए कुल 37 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति दी है। परियोजना की पहली किस्त के रूप में 35 प्रतिशत यानी 10 करोड़ 23 लाख 83 हजार 144 रुपये जारी करने की अनुमति दी गई है।
नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने गुरुवार को सिविल इंजीनियर और अर्बन प्लानर की टीम के साथ जवाहर भवन के सामने राजा महेंद्र प्रताप पार्क के निकट प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया और अधिकारियों को आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए।
नगर आयुक्त ने बताया कि जून 2025 में तत्कालीन मंडलायुक्त संगीता सिंह, महापौर प्रशांत सिंघल और नगर निगम के प्रयासों से लॉक म्यूजियम का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया था। शासनादेश के अनुसार परियोजना का निर्माण निर्धारित तकनीकी मानकों और वित्तीय नियमों के तहत कराया जाएगा।
उन्होंने कहा कि म्यूजियम के माध्यम से अलीगढ़ की करीब 100 वर्ष पुरानी ताला उद्योग की विरासत को आधुनिक रूप में देश-दुनिया के सामने प्रस्तुत किया जाएगा। इससे उद्योग, रोजगार और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की संभावना है। परियोजना की डीपीआर अनुभवी कंसल्टेंट से तैयार कराई जाएगी। नगर आयुक्त के अनुसार अगले छह-सात महीनों में निर्माण शुरू होने की संभावना है।
इतिहास से आधुनिक तकनीक तक दिखेगा ताला उद्योग
प्रस्तावित म्यूजियम में आकर्षक की-होल प्रवेश द्वार, विशाल लॉक स्कल्पचर, डिजिटल ओरिएंटेशन डोम, पारंपरिक ताला निर्माण कार्यशाला का मॉडल, औपनिवेशिक काल के व्यापार व निर्यात की प्रदर्शनी तथा मीडिया टनल बनाई जाएगी। इसके अलावा स्मार्ट लॉक, बायोमेट्रिक, फेस रिकॉग्निशन और साइबर सिक्योरिटी से जुड़ी इंटरैक्टिव गैलरी भी होंगी।
म्यूजियम में अलीगढ़ के पारंपरिक कारीगरों की विरासत, उनकी जीवनगाथा, लोककथाओं और सांस्कृतिक परंपराओं पर आधारित दीर्घाएं, बच्चों के लिए किड्स जोन, की-एनग्रेविंग स्टेशन, काइनेटिक लॉक स्कल्पचर, थीम आधारित कैफे-रेस्टोरेंट और डिजिटल मनोरंजन की सुविधाएं भी प्रस्तावित हैं।
सांसद सतीश गौतम ने कहा कि लॉक म्यूजियम की स्वीकृति अलीगढ़ की औद्योगिक विरासत को संरक्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। महापौर प्रशांत सिंघल ने कहा कि इससे अलीगढ़ में देश-विदेश से आने वाले लोगों और विद्यार्थियों को ताला उद्योग की ऐतिहासिक यात्रा देखने का अवसर मिलेगा।
कोल विधायक अनिल पाराशर ने कहा कि यह परियोजना अलीगढ़ की ऐतिहासिक, औद्योगिक और सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान देने में सहायक होगी। तत्कालीन मंडलायुक्त संगीता सिंह ने भी परियोजना की स्वीकृति पर खुशी जताते हुए कहा कि इससे अलीगढ़ के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर विकसित हो सकते हैं।



